चमोली में लगी उद्यमिता की चौपाल, महिलाओं एवं युवाओं को स्वरोजगार के लिए किया प्रेरित।

 

गांव-गांव पहुंचेगी मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना की जानकारी, जनजागरूकता वाहन रवाना।

 

राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना (MUY) के प्रभावी क्रियान्वयन तथा जनपद में स्वरोजगार एवं उद्यमिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से  राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, गोपेश्वर के ऑडिटोरियम हॉल में मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना-चौपाल (एमएसएमई चौपाल) का आयोजन किया गया। चौपाल के माध्यम से संभावित उद्यमियों, ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के सूक्ष्म एवं लघु उद्यमियों, स्वयं सहायता समूहों, वित्तीय संस्थानों, प्रशिक्षण प्रदाताओं, विभागीय अधिकारियों एवं स्थानीय समुदाय के बीच सीधा संवाद स्थापित कर उद्यमिता से जुड़ी योजनाओं, सुविधाओं एवं अवसरों की जानकारी दी गई।

कार्यक्रम का शुभारंभ देहरादून स्थित मुख्य सेवक सदन से मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने किया। गोपेश्वर में आयोजित चौपाल में मुख्यमंत्री के संबोधन का वर्चुअल माध्यम से सजीव प्रसारण किया गया। इस दौरान युवाओं, महिलाओं, स्वयं सहायता समूहों, स्थानीय उद्यमियों एवं अन्य प्रतिभागियों ने मुख्यमंत्री का संबोधन सुना।

मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार एवं अधिक से अधिक लोगों तक योजना की जानकारी पहुंचाने के उद्देश्य से IEC एवं जनजागरूकता वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। यह वाहन 21 अगस्त से 1 सितंबर 2026 तक जनपद के विभिन्न विकासखंडों एवं न्याय पंचायत क्षेत्रों में पहुंचकर युवाओं, महिलाओं, स्वयं सहायता समूहों तथा स्थानीय उद्यमियों को मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना सहित विभिन्न स्वरोजगार एवं कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देगा।

जनजागरूकता वाहन के माध्यम से योजना की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, प्रशिक्षण, तकनीकी सहायता, वित्तीय सहयोग, सब्सिडी, उद्यमी पंजीकरण, ब्रांडिंग, उत्पाद पैकेजिंग एवं बाजार से जुड़ाव के संबंध में जानकारी दी जाएगी। इच्छुक लोगों को स्थानीय संसाधनों, कौशल एवं रुचि के अनुरूप उद्यम स्थापित करने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन भी उपलब्ध कराया जाएगा। यह वाहन गोपेश्वर, मंडल, चमोली, बिरही, हेलंग, जोशीमठ, तपोवन, नंदप्रयाग, घाट, कर्णप्रयाग, सिमली, नारायणबगड़, थराली, देवाल, गैरसैंण, मेहलचौरी एवं पोखरी सहित जनपद के विभिन्न क्षेत्रों एवं न्याय पंचायतों तक पहुंचेगा।

कार्यक्रम में हरियाली स्वायत्त सहकारिता को सहयोग प्रदान करते हुए अंजलि देवी को उद्यम शुरू करने एवं हिलांस भोजनालय के संचालन के लिए ₹6 लाख की सहायता राशि का चेक प्रदान किया गया।

चौपाल में विभिन्न विभागों द्वारा अपने-अपने विभागीय योजनाओं, अनुदान एवं सब्सिडी, आवेदन प्रक्रिया तथा उद्यम स्थापना के लिए उपलब्ध सहायता की जानकारी दी गई। उद्यान, कृषि, उद्योग, मत्स्य, पर्यटन सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों ने स्थानीय संसाधनों पर आधारित उद्यम गतिविधियों एवं स्वरोजगार के अवसरों के बारे में प्रतिभागियों को विस्तार से जानकारी दी।

अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री उद्यमशाला योजना के माध्यम से उद्यम स्थापित करने के इच्छुक लोगों को प्रशिक्षण, तकनीकी सहायता, उद्यम विकास, ब्रांडिंग, उत्पाद पैकेजिंग, गुणवत्ता सुधार एवं बाजार से जोड़ने में सहयोग दिया जाएगा। स्थानीय उत्पादों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने और उन्हें व्यापक बाजार तक पहुंचाने के लिए मार्केट लिंकेज पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है।

कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न विभागों के स्टॉल, स्वयं सहायता समूहों एवं युवाओं के लिए पंजीकरण डेस्क, उत्पाद एवं उद्यम प्रदर्शनी, विभागीय मार्गदर्शन सत्र तथा बैंकिंग एवं ऋण सुविधा सहायता डेस्क स्थापित किए गए। इन डेस्कों के माध्यम से प्रतिभागियों को उद्यम स्थापना, पंजीकरण, ऋण, वित्तीय सहायता एवं संबंधित योजनाओं के संबंध में आवश्यक जानकारी एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराया गया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि दर्जा मंत्री श्री हरक सिंह, श्री प्रेम सिंह, नगर पालिका अध्यक्ष श्री संदीप रावत, भाजपा जिलाध्यक्ष श्री गजपाल बर्त्वाल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री लक्ष्मण सिंह, भेषज संघ अध्यक्ष श्री सतेंद्र असवाल, महामंत्री श्री अरुण मैठाणी, श्री विनोद कनवासी, श्री रघुवीर बिष्ट, श्रीमती नंदी राणा, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, परियोजना निदेशक श्री आनंद सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी, स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं, स्थानीय उद्यमी एवं बड़ी संख्या में युवा उपस्थित रहे।